उत्तराखंड के पहाड़ों में एक बार फिर प्रकृति का विनाशकारी रूप देखने को मिला है। चमोली जिले के पीपलकोटी क्षेत्र में चल रहे एक बड़े टनल प्रोजेक्ट के दौरान अचानक बड़ा हादसा हो गया। यहां टीएचडीसी (THDC) की सहायक कंपनी एचसीसी (HCC) द्वारा निर्माणाधीन डीआरटी (DRT) टनल के अंदर अचानक भारी मात्रा में मलबा और पानी घुस गया। इस अप्रत्याशित घटना के वक्त सुरंग के भीतर 28 मजदूर काम कर रहे थे, जो अचानक आए सैलाब के कारण अंदर ही फंस गए। घटना के तुरंत बाद पूरे इलाके में चीख-पुकार मच गई और अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
बचाव अभियान और मौतों की पुष्टि
हादसे की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन, एनडीआरएफ (NDRF) और उत्तराखंड एसडीआरएफ (SDRF) की टीमों ने तुरंत मौके पर पहुंचकर मोर्चा संभाल लिया। टनल के भीतर फंसे मजदूरों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए बेहद विकट परिस्थितियों के बीच राहत और बचाव कार्य शुरू किया गया। हालांकि, इस दर्दनाक हादसे में 4 मजदूरों की जान चली गई है। राज्य आपदा सचिव विनोद कुमार सुमन ने इस हादसे में 4 मजदूरों की मौत की आधिकारिक पुष्टि कर दी है।
मुख्यमंत्री ले रहे पल-पल का अपडेट
राज्य के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी हादसे की स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं। उन्होंने घटना पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए प्रशासनिक और राहत एजेंसियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि टनल में फंसे अन्य सभी मजदूरों को जल्द से जल्द और सुरक्षित बाहर निकालने के लिए रेस्क्यू ऑपरेशन को युद्धस्तर पर चलाया जाए। मुख्यमंत्री खुद वरिष्ठ अधिकारियों के संपर्क में हैं और राहत कार्यों का लगातार जायजा ले रहे हैं।
सुरक्षा व्यवस्था और चिकित्सा सुविधाएं तैनात
घटनास्थल पर भारी मशीनों, पंपों और विशेषज्ञ टीमों की मदद से सुरंग के भीतर जमा पानी और मलबा हटाने का काम तेजी से जारी है। टनल के बाहर एम्बुलेंस, डॉक्टरों की टीम और जरूरी मेडिकल उपकरणों को मुस्तैद रखा गया है ताकि बाहर निकाले जाने वाले मजदूरों को तुरंत आपातकालीन चिकित्सा सुविधा प्रदान की जा सके। स्थानीय प्रशासन और बचाव एजेंसियां बाकी फंसे मजदूरों तक जल्द से जल्द पहुंचने का हर संभव प्रयास कर रही हैं।
नोट: आगे की ताजा अपडेट्स के साथ खबर को रिफ्रेश करते रहें।
---समाप्त---