• नामांकन समाप्ति के बाद प्रचार में तेज़ी
  • रामपुर कचहरी में दिखा जनसंपर्क का दम
लखनऊ/रामपुर, (उत्तराखण्ड तहलका): प्रदेश की न्यायपालिका का भविष्य तय करने वाले बार काउंसिल ऑफ उत्तर प्रदेश (UPBC) के चुनाव का दौर इस समय निर्णायक मोड़ पर है। पूरे प्रदेश में चुनावी हलचल तेज़ हो गई है, क्योंकि विभिन्न क्षेत्रों से अधिवक्ता उम्मीदवार अपनी किस्मत आज़मा रहे हैं। पर्चे भरने की प्रक्रिया हाल ही में समाप्त हुई है और अब प्रत्याशियों को उनके आधिकारिक सीरियल नंबर आवंटित होने वाले हैं, जिसके बाद चुनावी गहमागहमी चरम पर होगी। shubh इस कड़े मुकाबले में, वाराणसी से सदस्य पद के उम्मीदवार अधिवक्ता जैकी शुक्ला ने अपने प्रचार को 'मिशन मोड' में बदल दिया है। वह पिछले दो माह से लगातार बिना रुके उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों में तूफानी दौरा कर रहे हैं। शुक्ला का फोकस केवल बड़े आयोजनों पर नहीं, बल्कि कचहरी परिसरों में अधिवक्ताओं के चैंबरों और डोर-टू-डोर संपर्क पर है, जिसके कारण उनकी पहुँच सीधे मतदाताओं तक हो रही है। जैकी शुक्ला 'एडवोकेट काउंसिल ऑफ इंडिया' नामक एक गैर-राजनीतिक संस्था का भी नेतृत्व करते हैं, जो वर्षों से अधिवक्ताओं के लिए चिकित्सा सुविधाएँ, सुरक्षा और उनके जीवनयापन से जुड़े मुद्दों पर सक्रिय रूप से काम कर रही है। यही संस्थागत अनुभव उनके प्रचार को एक मज़बूत आधार प्रदान कर रहा है। यह भी पढ़ें: SIR हमारी चुनावी तैयारियों की पहली और सबसे महत्वपूर्ण सीढ़ी- केशव प्रसाद मौर्य बीते दिन, इसी सघन प्रचार अभियान के तहत जैकी शुक्ला रामपुर कचहरी परिसर पहुँचे। उन्होंने वहाँ उपस्थित अधिवक्ताओं से मुलाकात की और उन्हें आश्वस्त किया कि काउंसिल में उनकी प्राथमिकता युवा और वरिष्ठ अधिवक्ताओं के लिए पेंशन व बीमा योजनाओं को लागू कराना होगी। जैकी शुक्ला के व्यापक जनसंपर्क और अधिवक्ताओं के लिए उनके समर्पण को देखते हुए, उन्हें इस चुनाव में अधिवक्ता हित की लड़ाई में एक मज़बूत और प्रभावशाली दावेदार माना जा रहा है। इस दौरान उनके समर्थन में विनय शर्मा, अजय शुक्ला, राजेश शर्मा, विकास यादव और विवेक यादव समेत कई स्थानीय अधिवक्ता सक्रिय रूप से मौजूद रहे।

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