रामपुर, उत्तर प्रदेश: आगामी त्योहारों और जन सुरक्षा को सुनिश्चित करने के उद्देश्य से रामपुर ज़िले में 28 जनवरी 2026 तक निषेधाज्ञा (Curfew/Prohibitory Orders) लागू कर दी गई है। यह आदेश भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNS) की धारा-163 के तहत जारी किया गया है, जो दंड प्रक्रिया संहिता (CrPC) की पूर्ववर्ती धारा-144 के स्थान पर प्रभावी हुई है।

​अपर जिला मजिस्ट्रेट (प्रशासन) डॉ. नितिन मदान द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, यह कदम आगामी अवधि में होने वाले चौधरी चरण सिंह का जन्म दिवस, क्रिसमस ईव, क्रिसमस डे, हजरत अली का जन्म दिवस, मकर संक्रान्ति, बसन्त पंचमी, जननायक कर्पूरी ठाकुर जन्म दिवस और गणतन्त्र दिवस जैसे महत्वपूर्ण त्योहारों और कार्यक्रमों के दौरान लोक व्यवस्था, कानून व्यवस्था और शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए उठाया गया है।

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​निषेधाज्ञा के तहत प्रमुख प्रतिबंध एवं निर्देश

​जनपद की संपूर्ण सीमा और इसके अंतर्गत आने वाले सभी नगरीय एवं ग्रामीण क्षेत्रों में निम्नलिखित गतिविधियों पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी गई है:


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धरना, प्रदर्शन और जुलूस पर रोक

  • ​किसी भी धार्मिक या राजनीतिक संगठन/संस्था/व्यक्ति द्वारा बिना पूर्व अनुमति के कोई भी जनसभा, नुक्कड़ सभा, रैली, जुलूस, सांस्कृतिक कार्यक्रम, पदयात्रा, विजयोत्सव, धरना प्रदर्शन आदि आयोजित नहीं किया जाएगा।
  • ​पूर्व अनुमति में उल्लिखित स्थल/मार्ग और अवधि में कोई बदलाव नहीं किया जाएगा।
  • ​सभा/धरना प्रदर्शन में किसी भी प्रकार का भड़काऊ/अमर्यादित भाषण और पुतला दहन पूरी तरह वर्जित है।
  • ​परम्परागत पर्वों, त्योहारों, विवाहोत्सव, शव यात्राओं, और शासकीय/एकेडमिक कार्यक्रमों को इस प्रतिबंध से छूट रहेगी।
  • 5 से अधिक व्यक्तियों का समूह जिसके क्रिया-कलापों से शांति व्यवस्था प्रभावित हो, एक स्थान पर एकत्रित नहीं होगा।

शस्त्रों और विस्फोटक पदार्थों के प्रदर्शन पर लगा प्रतिबंधित

  • ​ड्यूटी पर तैनात शासकीय कर्मियों को छोड़कर कोई भी व्यक्ति आग्नेय अस्त्र, विस्फोटक पदार्थ, लाठी, बल्लम, भाला या तेज धार वाले हथियार सार्वजनिक रूप से न तो लेकर चलेगा और न ही उनका प्रदर्शन करेगा।
  • ​किसी भी प्रकार के आयोजन/समारोह में लाइसेंसी अस्त्रों का प्रदर्शन, हर्ष फायरिंग और उपयोग भी प्रतिबंधित है।
  • ​सिक्ख समुदाय के व्यक्तियों द्वारा कृपाण धारण करने और बूढ़े/दिव्यांग व्यक्तियों द्वारा सहारे के लिए छड़ी का प्रयोग करने पर यह प्रतिबंध लागू नहीं होगा।
  • ​बिना लाइसेंस तेजाब और आतिशबाजी/विस्फोटक सामग्री की श्रेणी में आने वाले अन्य पदार्थ एकत्रित नहीं किए जाएंगे।

रीक्षा केंद्रों के लिए विशेष नियम

​विभिन्न परीक्षाओं के दौरान, परीक्षा केंद्रों के आसपास 200 मीटर की परिधि में निम्नलिखित सख्त नियम लागू रहेंगे:

  • ध्वनि विस्तारक यंत्रों, सेल्युलर फोन, पेजर, मोबाइल फोन, आईटी गैजेट्स या अनुचित साधन प्रयोग की आशंका वाले इलेक्ट्रॉनिक संयंत्रों का प्रयोग वर्जित रहेगा।
  • ​समस्त कक्ष निरीक्षक/स्टाफ/परीक्षार्थी उपकरणों को लेकर परीक्षा केंद्र में प्रवेश नहीं करेंगे।
  • ​परीक्षा प्रारंभ होने से समाप्ति तक फोटो स्टेट मशीनें, पीसीओ, और साइबर कैफे संचालित नहीं किए जाएंगे।
  • ​परीक्षार्थियों को केवल पेन, प्रवेश पत्र और मूल पहचान पत्र ले जाने की अनुमति होगी, पाठ्य सामग्री या किसी भी प्रकार के शस्त्रादि ले जाना वर्जित है।
  • ​नकल, अनुचित साधनों का प्रयोग, गड़बड़ी करने, या संपत्ति को क्षति पहुँचाने पर नियमानुसार दण्डनीय कार्रवाई की जाएगी।

सोशल मीडिया और अफवाहों पर नियंत्रण

  • ​कोई भी व्यक्ति/संगठन सोशल मीडिया साइट्स या अन्य किसी माध्यम से किसी भी धर्म, सम्प्रदाय, महापुरुष, देवी-देवता आदि का प्रत्यक्ष या परोक्ष रूप से अनादर करने का प्रयास नहीं करेगा।
  • साम्प्रदायिक, भ्रामक, असत्य, दिग्भ्रमित और जनसामान्य को भड़काने वाली कोई भी लेखन/पोस्ट/मैसेज न तो किया जाएगा और न ही फैलाया जाएगा।
  • ​अफवाह फैलाने वाले मैसेज, फोटो, पोस्ट को लाइक करना या फैलाना भी प्रतिबंधित है।

अन्य महत्वपूर्ण प्रतिबंध

  • रात्रि 10:00 बजे से प्रातः 06:00 बजे तक निर्धारित मानकों से अधिक तीव्रता के ध्वनि विस्तारक यंत्रों/साधनों का प्रयोग पूर्णतः प्रतिबंधित है।
  • ​पंडाल लगाने या सार्वजनिक परम्परा का निर्वहन करने में सार्वजनिक मार्ग को अवरुद्ध करना निषिद्ध रहेगा।
  • ​सार्वजनिक/धार्मिक स्थलों के आस-पास खुलेआम मांस या गोश्त फेंकना, मदिरापान या नशे की हालत में सार्वजनिक स्थान पर भ्रमण करना वर्जित है।
  • तम्बाकू एवं निकोटीन युक्त पान मसाला/गुटखा का निर्माण, भंडारण और विक्रय प्रतिबंधित है।
  • ​अवैध बूचड़खानों का संचालन और खुले में मीट, मांस, मछली आदि का कटना व विक्रय प्रतिबंधित रहेगा।
  • सिंगल यूज प्लास्टिक और थर्माकोल के इस्तेमाल की अनुमति नहीं दी जाएगी।
  • ​सिंथेटिक मांझा/शीशा लेपित नाइलोन पंतग डोरी और चाइनीज मांझा का निर्माण, भण्डारण, उपयोग एवं बिक्री पूर्णतः प्रतिबंधित रहेगी।

​उल्लंघन पर दण्डनीय कार्रवाई

​अपर जिला मजिस्ट्रेट डॉ. नितिन मदान ने स्पष्ट किया कि यह आदेश तत्काल प्रभावी है और इसका उल्लंघन भारतीय न्याय संहिता-2023 की धारा-223 के अंतर्गत दण्डनीय अपराध होगा। आदेश तात्कालिक रूप से जनहित में पारित किया गया है और 28 जनवरी 2026 तक प्रभावी रहेगा, जब तक कि इसे बीच में वापस न लिया जाए।

 

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नोट: खबरों या विज्ञापनों से सम्बन्धित समस्त वादों का निस्तारण उधमसिंह नगर न्यायालय के अधीन होगा!

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