अहमदाबाद, (उत्तराखण्ड तहलका): गुजरात के अहमदाबाद स्थित साबरमती केंद्रीय कारागार में बंद आतंकवादी डॉ. अहमद सैयद पर साथी कैदियों ने हमला कर दिया, जिससे उसकी आँख में गंभीर चोट आई है। डॉ. अहमद सैयद, जिसने देश के खिलाफ जघन्य देशद्रोह का अपराध किया है और Ricin (रिसिन) नामक अत्यधिक जहरीला रसायन बनाने की साजिश में शामिल था, उन तीन आतंकवादियों में से एक है जिन्हें गुजरात पुलिस के आतंकवाद निरोधक दस्ते (ATS) ने 09 नवंबर 2025 को गिरफ्तार किया था। उसे तत्काल सिविल अस्पताल में इलाज के लिए भर्ती कराया गया है। इस हमले ने कैदियों के बीच एक बड़े टकराव को जन्म दिया है, जिसका कारण संभवतः आतंकी की पृष्ठभूमि हो सकती है।

मीडिया रपटों के अनुसार, कारागार के अंदर अहमद की अन्य तीन कैदियों से तीखी बहस हुई, जिसके बाद यह विवाद अचानक हिंसक मारपीट में बदल गया। हमले की गंभीरता को देखते हुए, आतंकवाद निरोधक दस्ते की एक विशेष टीम जेल पहुँची। पुलिस ने घायल अहमद का बयान दर्ज करने के बाद, हमला करने वाले तीनों कैदियों के खिलाफ आधिकारिक शिकायत दर्ज कर ली है। अहमद को हाल ही में रिमांड अवधि समाप्त होने के बाद जेल भेजा गया था।

Ricin (रिसिन) जहर: देशव्यापी सामूहिक विनाश की योजना
डॉ. अहमद सैयद और उसके दो अन्य साथी – उत्तर प्रदेश के सुहैल और आजाद – एक अत्यंत खतरनाक आतंकवादी संगठन (ISIS) से जुड़े थे। आतंकवाद निरोधक दस्ते के अनुसार, ये तीनों आतंकवादी मिलकर घातक Ricin (रिसिन) नामक जहरीला रसायन तैयार कर रहे थे। गौरतलब है कि Ricin (रिसिन) एक ऐसा जैविक जहर है जिसका एक छोटा सा कण भी मौत का कारण बन सकता है, और इसे अरंडी के बीजों से बनाया जा सकता है।

इनकी मुख्य योजना इस Ricin (रिसिन) जहर का उपयोग करके देश भर के मंदिरों और स्कूलों में प्रसाद के रूप में वितरित करना था। इस Ricin (रिसिन) आधारित जहरीले पदार्थ का उद्देश्य केवल आतंक फैलाना नहीं, बल्कि एक बड़े पैमाने पर सामूहिक विनाश को अंजाम देना था। आतंकवाद निरोधक दस्ते ने इस संबंध में कई गोपनीय दस्तावेज और डिजिटल साक्ष्य भी जब्त किए थे।
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यह भयावह साजिश उस समय विफल हो गई जब 07 नवंबर 2025 को आतंकी अहमद सैयद अहमदाबाद में हथियार खरीदने पहुँचा था, जहाँ गुजरात के आतंकवाद निरोधक दस्ते ने उसे पकड़ लिया। इसके बाद, हथियार उपलब्ध कराने आए सुहैल और आजाद को भी गुजरात के पालनपुर से गिरफ्तार किया गया। इस घटना ने एक देशद्रोही आतंकी के जेल में घायल होने और उसके जघन्य अपराध की पृष्ठभूमि को प्रमुखता से दर्शाया है।
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