​नई दिल्ली (Uttarakhand Tehelka): प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बिहार विधानसभा चुनाव में सत्तारुढ राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) की ऐतिहासिक जीत को 'वंशवाद' (Dynastic Politics) के विरुद्ध विकासवाद की राजनीति की अभूतपूर्व जीत' बताया है। राजधानी दिल्ली में भाजपा मुख्यालय पर कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए, पीएम मोदी ने स्पष्ट किया कि बिहार के मतदाताओं ने वंशवाद (Dynastic Politics) को पूरी तरह से नकार दिया है, और यह जनादेश इस बात का प्रमाण है कि बिहार में अब 'जंगल राज' की वापसी कभी नहीं होगी।

​प्रधानमंत्री ने इस जीत को उन लोगों को समर्पित किया, जिन्होंने पूर्व में वंशवाद (Dynastic Politics) की राजनीति के कारण उत्पन्न जंगल राज का आतंक झेला है। उन्होंने कहा कि यह विजय बिहार की उन बहनों, बेटियों और नौजवानों की है जिनका भविष्य कांग्रेस और लाल झंडे वालों के आतंक के कारण बर्बाद किया गया था। नई सरकार के साथ, राजग अब बिहार में 25 वर्षों की स्वर्णिम यात्रा की ओर अग्रसर है।

वंशवाद को चुनौती, बिहार के लिए सुशासन और विकास का संकल्प

​पीएम मोदी ने कहा कि बिहार की जनता ने जो विश्वास राजग पर दिखाया है, वह उनकी जिम्मेदारी और संकल्प है। वंशवाद (Dynastic Politics) आधारित नकारात्मक राजनीति को खारिज करते हुए उन्होंने कहा कि सरकार अगले पांच साल बिहार को विकसित बनाने के लिए तेज गति से काम करेगी। मुख्य फोकस उद्योग धंधों को प्रोत्साहन देने, बड़े निवेश को आकर्षित करने और युवाओं को उनके अपने राज्य में ही रोजी-रोजगार के अवसर प्रदान करने पर होगा। प्रधानमंत्री ने इस ऐतिहासिक जीत में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, जीतनराम मांझी और सभी गठबंधन सहयोगियों के नेतृत्व की सराहना भी की।

वंशवाद की राजनीति पर हमला, बंगाल में जीत की ऊर्जा

​प्रधानमंत्री ने बिहार की जीत को अन्य राज्यों के लिए एक महत्वपूर्ण संदेश बताया। उन्होंने कहा कि "गंगाजी बिहार से होकर बंगाल जाती हैं", और बिहार की इस विजय ने पश्चिम बंगाल में भी भाजपा की जीत का मार्ग प्रशस्त कर दिया है। उन्होंने पश्चिम बंगाल के लोगों से अगले चुनाव में वंशवाद (Dynastic Politics) से मुक्त राजनीति के लिए साथ देने का आह्वान किया। पीएम मोदी ने कहा कि भारत अब सच्चे सामाजिक न्याय के लिए वोट कर रहा है, जहां तुष्टिकरण की कोई जगह नहीं है, और लोग केवल विकासवाद चाहते हैं।


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​'परजीवी' कांग्रेस: वंशवाद का संकट और एमएमसी टैग

​प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में कांग्रेस पार्टी पर तीखे प्रहार किए। उन्होंने कहा कि यह पार्टी अब अपने सहयोगी दलों पर बोझ बन चुकी है और 'परजीवी' हो गई है। वंशवाद (Dynastic Politics) की राजनीति के परिणाम का उल्लेख करते हुए उन्होंने बताया कि लोकसभा चुनाव के बाद हुए 6 राज्यों के विधानसभा चुनावों में कांग्रेस कुल मिला कर 100 सीटों का आंकड़ा भी पार नहीं कर पाई।

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​पीएम मोदी ने कांग्रेस को 'मुस्लिम-लीगी माओवादी कांग्रेस' यानी एमएमसी बताते हुए कहा कि इस वंशवाद (Dynastic Politics) आधारित नकारात्मक राजनीति से पार्टी के भीतर ही एक धड़ा नाराज और निराश है। उन्होंने आशंका व्यक्त की कि हो सकता है, आगे कांग्रेस का एक और बड़ा विभाजन हो। इसके अलावा, उन्होंने छठ पूजा को 'ड्रामा' कहकर बिहार की परंपरा का अपमान करने पर भी विपक्ष की कड़ी निंदा की।

​लोकतंत्र का शुद्धिकरण: वंशवाद मुक्त राजनीति की मजबूती

​पीएम मोदी ने बिहार के चुनाव को भारतीय लोकतंत्र को मजबूत करने वाला बताया। उन्होंने चुनाव आयोग, चुनाव कर्मियों और सुरक्षा बलों की सराहना की। उन्होंने कहा कि बिहार से ही भारत को लोकतंत्र की जननी होने का गौरव प्राप्त है। उन्होंने सभी राजनीतिक दलों से अपील की कि वे मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) कार्यक्रम में उत्साह से भाग लें, ताकि वंशवाद (Dynastic Politics) मुक्त सुशासन के लिए मजबूत चुनावी आधार तैयार हो सके।

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