उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने एक बार फिर स्पष्ट कर दिया है कि प्रदेश की शांति और सौहार्द से खिलवाड़ करने वालों के लिए यहाँ कोई जगह नहीं है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की 'जीरो टॉलरेंस' नीति के तहत बरेली प्रशासन ने मंगलवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए फरीदापुर स्थित अवैध 'बेग बारातघर' को बुलडोजर चलाकर मलबे में तब्दील कर दिया। यह वही स्थान है जहाँ 26 सितंबर को ‘आई लव मुहम्मद’ के नाम पर शहर को दंगों की आग में झोंकने की साजिश रची गई थी। योगी की पुलिस ने न केवल उपद्रवियों को सलाखों के पीछे पहुँचाया है, बल्कि अब उनकी आर्थिक कमर तोड़ते हुए उन ठिकानों को मिटाया जा रहा है जहाँ अपराध के मंसूबे पाले गए थे।

साजिश का अड्डा बना बारातघर और पुलिस की पैनी नजर

योगी की पुलिस की सजगता और वैज्ञानिक जांच में यह तथ्य सामने आया कि बेग बारातघर केवल एक विवाह स्थल नहीं, बल्कि असामाजिक तत्वों की शरणस्थली बन चुका था। 26 सितंबर के बवाल से पहले यहाँ कई गोपनीय बैठकें हुईं, जिसमें भीड़ को उकसाने और सुरक्षा व्यवस्था को चुनौती देने की योजना बनाई गई थी। सीसीटीवी कैमरों और इंटेलिजेंस इनपुट के जरिए जब इस साजिश का पर्दाफाश हुआ, तो योगी सरकार के निर्देश पर प्रशासन ने तत्काल प्रभाव से इस अवैध ढांचे पर शिकंजा कस दिया। बीडीए (बरेली विकास प्राधिकरण) की जांच में पाया गया कि 1200 वर्गमीटर में बना यह विशाल परिसर बिना किसी स्वीकृत मानचित्र के अवैध रूप से खड़ा किया गया था।

योगी के बुलडोजर का प्रहार और सात घंटे का महाभियान


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मंगलवार सुबह करीब 11 बजे जब योगी सरकार के बुलडोजर फरीदापुर की गलियों में दाखिल हुए, तो उपद्रवियों और उनके संरक्षकों में हड़कंप मच गया। भारी पुलिस बल और पीएसी की मौजूदगी में प्रशासन ने ध्वस्तीकरण की कार्रवाई शुरू की। शाम 6 बजे तक चले इस सात घंटे के लंबे अभियान में बारातघर के अवैध निर्माण को ध्वस्त कर दिया गया। हालांकि, संकरी गलियों और मजबूत ढांचे के कारण अभी भी करीब 50 प्रतिशत हिस्सा शेष रह गया है, जिस पर बुधवार को भी कार्रवाई जारी रखने के निर्देश दिए गए हैं। यह कार्रवाई इस बात का प्रमाण है कि योगी राज में अपराधी चाहे कितनी भी संकरी गलियों में छिप जाए, कानून का हाथ उस तक पहुँच कर ही रहेगा।

अपराधियों में खौफ और शांति का नया सवेरा

योगी की पुलिस ने इस मामले में अब तक दर्जनों दंगाइयों को चिह्नित कर जेल भेजा है। बेग बारातघर पर हुई यह कार्रवाई उन सभी लोगों के लिए एक चेतावनी है जो धर्म की आड़ में कानून हाथ में लेने का दुस्साहस करते हैं। स्थानीय जनता ने प्रशासन के इस कदम का स्वागत किया है, क्योंकि इससे आम नागरिक सुरक्षित महसूस कर रहे हैं। योगी सरकार ने यह साफ संदेश दे दिया है कि दंगाइयों को न केवल जेल की हवा खानी होगी, बल्कि उनकी अवैध संपत्तियों पर बुलडोजर चलाकर उनसे नुकसान की वसूली भी की जाएगी। बरेली की सड़कों पर अब शांति है और प्रशासन का खौफ उन लोगों के मन में घर कर गया है जो कल तक शहर की फिजा बिगाड़ने का सपना देख रहे थे।

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