रामपुर, 22 अक्टूबर। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने गुरुवार को रामपुर जिला जेल में बंद पार्टी के वरिष्ठ नेता आजम खान से मुलाकात की। करीब एक घंटे तक चली बातचीत के बाद अखिलेश ने भाजपा सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि रामपुर, जिसके नाम में ही 'राम' है, वहां रामराज्य की भावना की हत्या कर दी गई है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश में रामराज्य की आत्मा को कुचला जा रहा है। सपा प्रमुख ने आजम खान के प्रति अपना समर्थन दोहराते हुए कहा, "आजम थे, आजम हैं और आजम रहेंगे।"
आजम खान को बताया दिल के करीब
जेल से बाहर आने के बाद पत्रकारों से बातचीत में अखिलेश यादव ने कहा कि आजम खान से उनका रिश्ता केवल राजनीतिक नहीं, बल्कि भावनात्मक भी है। आजम उनके दिल के करीब हैं और समाजवादी पार्टी उनके साथ खड़ी है।
अखिलेश ने आरोप लगाया कि आजम खान के परिवार को लंबे समय से अन्याय का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि झूठे मुकदमों में इतनी ताकत नहीं है कि किसी को हमेशा जेल में रखा जा सके। न्याय मिलने में समय लग सकता है, लेकिन उन्हें उम्मीद है कि आजम खान को इंसाफ मिलेगा।
उन्होंने कुछ अधिकारियों पर झूठे मुकदमे दर्ज कराने में भूमिका निभाने का आरोप भी लगाया। हालांकि, इन आरोपों पर संबंधित अधिकारियों या सरकार की प्रतिक्रिया उपलब्ध नहीं है।
पत्रकार के सवाल पर भड़के अखिलेश
मुलाकात के बाद पत्रकारों से बातचीत के दौरान अखिलेश यादव की एक न्यूज चैनल के प्रतिनिधि से तीखी नोकझोंक भी हुई। पत्रकार ने सवाल किया कि आजम खान से मिलने आने में उन्हें 11 महीने क्यों लग गए।
इस पर अखिलेश ने नाराजगी जताते हुए कहा, "मुझे नहीं पता कि आप किस चैनल का चारा लेकर आए हैं। लेकिन जब आपको थोड़ी इज्जत दी गई, तो आपके पैर जमीन पर नहीं रहे।"
ओवैसी पर रावण का उदाहरण देकर निशाना
उत्तर प्रदेश में एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी की राजनीतिक सक्रियता को लेकर पूछे गए सवाल पर भी अखिलेश यादव ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने रामायण का उदाहरण देते हुए कहा कि रावण ने भी एक दिन भेष बदलकर माता सीता का हरण किया था, जबकि यहां कई वर्षों से भेष बदला जा रहा है।
उनकी इस टिप्पणी को ओवैसी की राजनीतिक सक्रियता पर निशाने के रूप में देखा जा रहा है। हालांकि, उन्होंने अपने बयान में किसी चुनावी गठबंधन या नई राजनीतिक रणनीति की घोषणा नहीं की।
जौहर यूनिवर्सिटी को लेकर भाजपा पर आरोप
अखिलेश यादव ने जौहर यूनिवर्सिटी के मामले में भी भाजपा सरकार को घेरा। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा को शिक्षा और विश्वविद्यालयों के विकास से कोई सरोकार नहीं है।
सपा प्रमुख ने दावा किया कि जौहर यूनिवर्सिटी को नुकसान पहुंचाने की कोशिश की गई है। उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी इस विश्वविद्यालय से जुड़े सपनों को पूरा करने के लिए काम करती रहेगी।
अखिलेश ने चुनाव आयोग पर भी भाजपा के पक्ष में काम करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी लंबे समय से चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर सवाल उठाती रही है। हालांकि, उनके आरोपों को स्वतंत्र रूप से प्रमाणित तथ्य नहीं माना जा सकता।
जेल से निकलकर आजम के परिवार से मिले
गुरुवार दोपहर अखिलेश यादव हेलीकॉप्टर से जौहर यूनिवर्सिटी पहुंचे। वहां से वह कार द्वारा रामपुर जिला जेल गए। उनके साथ आजम खान के बड़े बेटे अदीब आजम भी मौजूद थे, लेकिन वह जेल के भीतर नहीं गए।
अखिलेश करीब 1:42 बजे जेल में दाखिल हुए और 2:51 बजे बाहर निकले। इसके बाद वह आजम खान के आवास पहुंचे, जहां उनकी पत्नी तंजीन फातिमा, बेटे अदीब और परिवार के अन्य सदस्यों से मुलाकात की।
आजम खान वर्तमान में अपने बेटे अब्दुल्ला आजम के साथ पैन कार्ड से जुड़े मामले में जेल में बंद हैं। विशेष एमपी-एमएलए अदालत ने दोनों को सात-सात वर्ष की सजा सुनाई है। आजम खान की ओर से इस फैसले को उच्च न्यायालय में चुनौती दी गई है।
अखिलेश यादव की इस मुलाकात को उत्तर प्रदेश में 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले राजनीतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। हालांकि, सपा प्रमुख ने मुलाकात के बाद आजम खान के साथ अपने व्यक्तिगत संबंधों और उनके परिवार के प्रति समर्थन पर विशेष जोर दिया।
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